My Kalyan Mini Store, Govind Nagar, Kanpur

Shop No-13/42 No-81, CTI Road
Kanpur- 208006

0522-6673711

Call Now

Opens at

Articles

ज्वेलरी स्टाइलिंग – आपके व्यक्तित्व को निखारने का एक जरिया

On
हमारा व्यक्तित्व ही हमें दूसरों से अलग और अनूठा बनाता है। हमारे सोचने, काम करने, बोलने और खुद को प्रस्तुत करने में ही हमारा व्यक्तित्व दिखाई देता है। किसी भी व्यक्ति के व्यक्तित्व का आसानी से पता लगाना हो तो उसकी वेषभूषा और मेल खाती उचित ज्वेलरी पर गौर करें। उसी व्यक्ति का व्यक्तित्व पहनावे के आधार पर अलग-अलग परिस्थितियों में अलग हो सकता है। जैसे कि, शादी के लिए पहने जाने वाले कपड़े बेशक किसी छुट्टी या बिज़नेस मीटिंग के लिए पहने जाने वाले कपड़ों से अलग होते हैं। लेकिन उस व्यक्ति का अंदरूनी व्यक्तित्व किसी भी प्रकार के पहनावे में निखर कर सामने आ सकता है। जब बात ज्वेलरी पहनने की हो, तो किसी व्यक्ति को उसके व्यक्तित्व, निजी पसंद-नापसंद और मौजूदा रुझान के आधार पर स्टाइल करना बहुत दिलचस्प काम होता है। एक मिलनसार व्यक्ति जो किसी से भी आसानी से घुल मिल जाए और दिल खोल कर हँसे उसके ऊपर कान की लंबी बालियाँ या खनखनाते झुमके स्वाभाविक लगेंगे। किसी बिज़नेस मीटिंग में, संपूर्ण बोर्ड रूम को अपनी ओर आकर्षित करने के लिए जिस आत्म-विश्वास और करिश्मे की ज़रूरत होती है वो सुंदर ज्वेलरी पहन कर ही आ सकता है। मोती के गुलमेख, साधारण लेकिन आकर्षक सादा ब्रेसलेट, ऑफिस में पहनी जाने वाली हल्की और ज्यामितीय पैटर्न वाली मोहक ज्वेलरी इस अवसर पर पहने जाने वाले कुछ विकल्प हैं। पारंपरिक ज्वेलरी सबसे उत्कृष्ट मानी जाती है। आप साधारण लेकिन पारंपरिक ज्वेलरी के साथ पारंपरिक वेषभूषा भी पहन सकते हैं। आज के युवाओं को बहुत सारी पुरानी पीढ़ी की साधारण स्टाइल वाली बेहतरीन और टिकाऊ ज्वेलरी इकट्ठा करने का शौक है। कला का शौक रखने वाले किसी भी व्यक्ति को किसी भी और सभी चीज़ों से प्रेरणा मिल जाती है। आसमान के रंग से लेकर आधुनिक कला के विविध रंगों तक, कलात्मक मन के लिए कोई भी स्रोत प्रेरणादायक हो सकता है। इसका प्रदर्शन ज्वेलरी को स्टाइल करते समय भी किया जा सकता है। पारंपरिक और पुरानी ज्वेलरी से लेकर आधुनिक फ़ैशनेबल ज्वेलरी तक; बड़े पेंडेंट से लेकर आकर्षक ज्वेलरी तथा सादी और हल्के वज़न वाली रोज़ाना पहने जाने वाली ज्वेलरी तक; हीरे की चमकदार और भव्य ज्वेलरी से लेकर मोतियों की साधारण माला तक, कोई भी कलात्मक व्यक्ति इनमें से किसी भी ज्वेलरी को आकर्षक बनाने के बाद भी अपना व्यक्तित्व उजागर करते हुए उसे खास बना सकता है। चाहे शादी हो या पार्टी, आत्म-विश्वास से भरी महिलाएं ही शानदार ज्वेलरी पहन कर किसी का भी ध्यान अपनी ओर आकर्षित कर सकती हैं। इसके विपरीत, कोई शर्मीला व्यक्ति सबसे शानदार लेकिन हल्की-फुल्की ज्वेलरी पहन कर सबसे सुंदर लगने के साथ-साथ असाधारण भी लग सकता है। हर तरह के व्यक्तित्व को ज्वेलरी से स्टाइल किया जा सकता है। जिस प्रकार से हर व्यक्तित्व अनूठा होता है, उसी प्रकार से स्टाइल भी अपने हिसाब से अनूठा और सुंदर हो सकता है।
Publisher: Kalyan Jewellers

किस प्रकार से युवाओं की पसंद-नापसंद ने ज्वेलरी रुझान को प्रभावित किया है

On
आज की पीढ़ी कम उम्र में ही पैसे कमाना शुरू कर देती है। आज के समय में किसी भी अर्थव्यवस्था में 25-40 वर्ष के लोगों का बहुत बड़ा योगदान है। भारत में एक बहुत बड़ा वर्ग युवा है। युवाओं में अनेक गुण होते हैं। अनेक चीज़ों आज के युवाओं का रवैया और जागरूकता प्रभावित करती हैं। पैसा कमाने के साथ ही वे पैसे का निवेश करना भी पसंद करते हैं। ऐसे मामलों में, किसी भी पीढ़ी के लिए सोना सबसे सुरक्षित और पसंदीदा विकल्प होता है। युवाओं को फ़ैशन और ज्वेलरी की भी बहुत समझ होती है, इस तरह से वे अपनी पसंद के स्टाइल और रुझान वाली सोने की ज्वेलरी खरीद कर एक तीर से दो निशाने लगा सकते हैं। आजकल कई कड़ियों वाली चेन, मोतियों की ज्वेलरी, हीरे की हल्के वज़न वाली ज्वेलरी, आपके पसंदीदा रंगों वाली हीरे की ज्वेलरी आदि का फैशन है। युवाओं की एक और खासियत होती है कि उन्हें सादे स्टाइल पसंद आते हैं। आज के कई युवाओं की जीवनशैली भी सादी होती है। स्वाभाविक है कि उन्हें ज्वेलरी भी इसी स्टाइल में पसंद आती है। उन्हें अनेक प्रकार की ज्वेलरी इकट्ठा करना अच्छा लगता है लेकिन उन्हें बहुत सारी ज्वेलरी एक साथ पहनना पसंद नहीं आता है। सोने की ज्वेलरी पर सादे डिज़ाइन जैसे कि हीरे की लंबी बालियाँ, हल्की और फ़ैन्सी रोज़ गोल्ड ज्वेलरी, मोती के साधारण गुलमेख, फ़ैन्सी पेंडेंट के साथ हल्की चेन आदि, का फ़ैशन आजकल बहुत है। आज की पीढ़ी का मंत्र है “कम ही ज़्यादा है” और इसीलिए उन्हें हल्के-फुल्के तरीके से मिलाकर पहना जाता है। आजकल ज्यामितीय पैटर्न वाली ज्वेलरी भी बहुत पसंद की जाती है। चाहे गुलमेख, नोज़ पिन, हीरे की कान की बालियाँ, पेंडेंट या ब्रेसलेट, ज्यामितीय डिज़ाइन आजकल बहुत पसंद किए जाते हैं क्योंकि इनका मेल किसी भी पहनावे और भेष के साथ किया जा सकता है, चाहे कभी-कभार पहनना हो या किसी बिज़नेस मीटिंग में। इस प्रकार की सादी ज्वेलरी को स्टाइल करने का एक दिलचस्प तरीका है उन्हें एक साथ पहनना। जींस और टी-शर्ट पहनने वाली महिलाओं से लेकर बिज़नेस सूट पहनने वाली महिलाओं तक, आप इस प्रकार के भेष में हर किसी को देख सकते हैं। अनेक प्रकार की साधारण गले वाली चेन इस प्रकार से पहनी जाती है कि किसी का भी ध्यान उस ओर तुरंत ओर चला जाए। इसी स्टाइल को ब्रेसलेट और चूड़ियों पर भी आज़माया जा सकता है। जब बात दुल्हन के साज सामान की हो, तो आज का युवा वर्ग विरासत में मिले सामान को पहनना पसंद करता है। पीढ़ी-दर-पीढ़ी आगे सौंपी गई पुरानी ज्वेलरी के साथ सुंदर भावनाएं जुड़ी हुई होती हैं। किसी भी दुल्हन की फ़ैशन की समझ और व्यक्तित्व तब सामने आता है जब वह सुंदर रंगीन हीरे की ज्वेलरी पहनती है फिर चाहे वो कान की बालियाँ, ब्रेसलेट, चूड़ियाँ, अंगूठियाँ या गले के हार हों। प्रत्येक पीढ़ी की फ़ैशन की समझ और पसंद-नापसंद अलग-अलग होती है। इसका प्रदर्शन उनकी वेषभूषा और ज्वेलरी से होता है।
Publisher: Kalyan Jewellers

गर्मी और वसंत में शादियों की ज्वेलरी के ट्रेंड

On
वैसे तो पश्चिमी देशों और पश्चिमी रिवाज़ों में वसंत और गर्मी के मौसम में शादी करना पसंद किया जाता है, भारत में भी लोग इस मौसम में शादियां करना अब पसंद करने लगे हैं। उत्तर भारत में खास तौर पर इस मौसम में शादियों का आयोजन पसंद किया जाता है क्योंकि सर्दियों में तापमान काफी कम और गर्मियों में काफी अधिक हो जाता है। इसके विपरीत भारत के दक्षिणी हिस्सों में पूरा वर्ष गर्म और उमस से भरा रहता है। उत्तर भारतीय शादियों में आमतौर पर खुले में काफी कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं जैसे कि बारात, संगीत, आदि। तो सर्दियों की शादी में मेहमान गर्म और आरामदायक महसूस करने के लिए ज़्यादा कपड़े पहनते हैं जबकि गर्मी या वसंत में आयोजित शादियों में वे थोड़ा ज़्यादा स्टाइल और फ़ैशन दिखा सकते हैं। वैसे तो दुल्हन के साज-सामान में ऐसी अनेक ज्वेलरी होती हैं जिनका रिवाज़ कभी खत्म नहीं होता है, जैसे कि भव्य पोल्की चोकर सेट, कानों के लंबे झुमके, बड़ी और शानदार चाँदबाली बालियाँ आदि, फिर भी बहुत सारी ज्वेलरी गर्मियों / वसंत की शादियों पर अलग ही छाप छोड़ जाती हैं। गर्मियों या वसंत में जब स्टाइल की बात हो तो फूलों के पैटर्न अच्छी पसंद माने जाते हैं। मोतियों, हीरे या हल्के रंग के कुंदन या पोल्की सेट के साथ फूलों के डिज़ाइन वाले चमकदार लहंगों से लेकर बड़े, चमकदार और भव्य गले के हार के साथ पहने जाने वाले हल्के रंग के लहंगों तक, दुल्हन को सजाने के अनगिनत विकल्प मौजूद होते हैं। गर्मी या वसंत की शादी में चार-चाँद लगाने वाली कुछ अतिरिक्त प्रकार की ज्वेलरी में दो अंगुलियों में पहनी जाने वाली अंगूठियाँ, पेस्टल या फूलों के डिज़ाइन वाले कलात्मक ब्रेसलेट, फूलों के पैटर्न शामिल हैं। शादी के मेहमानों के लिए एक अन्य सुंदर विकल्प है हल्की और पहनने में आसान रोज़ गोल्ड ज्वेलरी। शादियां प्यार का एक ऐसा त्योहार होता है जिसमें दो परिवार एक हो जाते हैं। इस प्रकार के त्योहारों में परिवार की विरासत एक अहम भूमिका निभाती है। पीढ़ी दर पीढ़ी आगे सौंपी गई हीरे या सोने की ज्वेलरी बहुत भावनात्मक मूल्य रखती है। इतना ही नहीं, इस प्रकार की ज्वेलरी का डिज़ाइन इतना दुर्लभ होता है कि उन्हें हर पीढ़ी पसंद करती है। कोई भी शादी भावनात्मक मूल्यों से परिपूर्ण इस प्रकार की ज्वेलरी के बिना अधूरी होती है। अंत में जब बात शादी में फ़ैशन करने की हो तो सारा कुछ व्यक्ति की पसंद-नापसंद पर निर्भर करता है। दुल्हन, दूल्हा और शादी में शामिल होने वाले सभी बाराती न केवल सुंदर दिखने के लिए सजते-सँवरते हैं बल्कि खुद को भी खुश करते हैं। जो इन सभी चीज़ों को पूरा करेगा वो ही फ़ैशनेबल और सुंदर कहलाएगा।
Publisher: Kalyan Jewellers

Can we help you?